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Hymn No. 1063 | Date: 13-May-1999
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विचलित होता है मन होने दें, दिल को तुझसे प्यार कर लेने दे ।
विचलित होता है मन होने दें, दिल को तुझसे प्यार कर लेने दे ।
आने-देना न कोई सवाल, प्यार में प्यार ही होता है जवाब ।
तेरे पास जब होता हूँ, दिल को तब मिलता है सुकून ।
सब रास आते है या कोई नहीं, तेरे पास रहूं तो सब हैं अपने ।
नजरे इनायत चाहते है, दुनिया में कहीं भी हो बस दिल में हो तू ।
दोजख में भी रह लेगें हँसके जो खयालों में तू आता रहे ।
सच पूछो तो अब सुहाता नहीं जग में कुछ जो अलग लगे तुझसे ।
कवायद करवा ले तू कितनी भी हमको मुमकिन नहीं पीछा छुड़ाना हमसे ।
नैन पड़ेंगे लडाने उठेगा जो प्यार का तूंफा झूमा जायेगा तूझे ।
रूकना-रोकने का कोई फायदा नहीं, प्यार में कोई फायदा नहीं ।


- डॉ.संतोष सिंह