My Divine
Home
Bhajan
Quotes
About Author
Contact Us
Login
|
Sign Up
ENGLISH
HINDI
GUJARATI
My Divine Blessing
VIEW HYMN
Hymn No. 1171 | Date: 20-Jun-1999
Text Size
यह तो मस्ती है तेरे प्यार की, जो बयाँ करती है हाल दिल का ।
यह तो मस्ती है तेरे प्यार की, जो बयाँ करती है हाल दिल का ।
बड़ी मुश्किल से गुजरती है, जब सताए याद तेरी, दिल को ।
सँवरने की चाह ना रही मन में, बिखर जाना चाहता हूँ तेरा प्यार बनकर ।
बेसुध हो जाना चाहता हूँ, तेरे ख्यालों में, कि हम हुए थे कभी इस धरा पर ।
तेरे गीतों में जो आनंद है, विभोर कर देता है तन-मन को ।
धरा के इस पत्थर को मिल गई जगह गई त्रिलोक स्वामी के चरणो में ।
ना रही कोई दरखास्त, जब से शामील होने लगे तेरे महफिल में ।
तेरे साथ में जो दम है, हवा बनते देखा दूनिया के सारे गमों को ।
खाक में मिली हुए राख का महत्त्व जाना तेरे पास आकर ।
कहीं और जाने का अब सवाल ना रहा, मिलते ही हमने जान लिया ।
- डॉ.संतोष सिंह
Previous
बीत रहा है सब कुछ, बीतने दे तेरे अनुरूप हम सबको ।
Next
कृपा है तेरी हमपर कृपा, जो होने ना देगी हमको तुझसे जुदा ।
*
*