My Divine
Home
Bhajan
Quotes
About Author
Contact Us
Login
|
Sign Up
ENGLISH
HINDI
GUJARATI
My Divine Blessing
VIEW HYMN
Hymn No. 1568 | Date: 11-Feb-2000
Text Size
जब भी देखो मन में रहता है, कामनाओं की आँधी बहती है बड़ी जोर।
जब भी देखो मन में रहता है, कामनाओं की आँधी बहती है बड़ी जोर।
खोर हो गया हूँ तेरे नाम पे, चलनें ना देना मुझपे तेरे सिवाय किसी और का जोर।
मोर नाचे दिल का तेरे बगियन में, डालने ना देना मुझपे किसी और के डोरे।
डोर मिले मुझे तेरे दर पे, चाहे कर्मपथ पे छायीं हो घटा कितनी भी घनघोर।
भोर हो चुकी है जीवन में मेरे, जिस दिन से हुआ हूँ तेरे प्यार के नशे में।
दुर कर देना दुर्भानाओं को मेरे, अपनी नजरो की बदौलत तू तारना मुझे।
चोर होने ना देना जिम्मेदारियों का, निभाते जाऊँ अपने दायित्वों को तेरी पूजा मानके।
लोरी सुनाना तू मुझे प्यार भरी, करते हुये सब कुछ करने का जाऊँ बोध भूल में उसमें।
तेरी बाहों मे सिमट जाऊँ तन्मय होके इतना, तन का केंचुल छूट जाये अपने आप।
जाप का पाप मुझे ना करना है, तेरा होके है रहना अच्छे – बुरे से परे।
- डॉ.संतोष सिंह
Previous
यें। अकाल पुरूष, तू ही तो है त्रिकाल पुरूष ।
Next
धर्म कर्म की देता है हमेशा हूल।
*
*