My Divine
Home
Bhajan
Quotes
About Author
Contact Us
Login
|
Sign Up
ENGLISH
HINDI
GUJARATI
My Divine Blessing
VIEW HYMN
Hymn No. 2198 | Date: 28-Feb-2001
Text Size
मेरी कोई औकात नहीं प्यार की दुनिया में, जहाँ होते है एक से बढ़के एक परवाने।
मेरी कोई औकात नहीं प्यार की दुनिया में, जहाँ होते है एक से बढ़के एक परवाने।
दीवानगी का आलम होता है, दीवानो की महफिल में अंजाम भी घुसने से पहले डरता है अंजाम से।
तारी रहता हैं जुनून आशिकी का हर दिल पे, होश में रहते हुये मदहोशी में रहते है प्यार के।
मस्तानो का मत पूछो हाल, गलने नहीं देते किसी की दाल प्यार में, चाहे हो जाये जो हाल प्यार में।
जंग जारी रहती है प्यार से, प्यार के वास्ते करते है अख्तियार हर रास्ता प्यार से।
गैर भी होते है अपने, वहाँ कोई नहीं अलग दिखता है जिसे देखो वो जपता है माला प्यार की।
एक से बढके एक खेल जाते है दाव प्यार में, जीतने हारने वालों का होता है अंजाम एक।
जनमों जनम के बाद मिलती है संगत इस महफिल की, बिना प्यार के रंग में रंगे फटके न कोई अंदर।
प्यार से बढके रहता ना कोई काम, दुनिया भरकी जिम्मेवारी को निभाते हुये पीते है प्यार का जाम।
जनाजा जब निकलता है किसी यार का, तो आसुओं के बदले लगाये जाते है कंहे कहकहे पढते हुये प्यार के कसीदे।
- डॉ.संतोष सिंह
Previous
ओ। पूरन परमात्मा, उतरे हो धरा पे बनके अवतारों के अवतार महाअवतार।
Next
अजीब दास्तां हें प्रेमियों की, तड़पते है तिल तिल फिर भी करते है प्यार यार को।
*
*