My Divine
Home
Bhajan
Quotes
About Author
Contact Us
Login
|
Sign Up
ENGLISH
HINDI
GUJARATI
My Divine Blessing
VIEW HYMN
Hymn No. 2962 | Date: 03-May-2005
Text Size
इन अपनो की भीड़ में कौंन है अपना, ऐ मौला मैं तो देखूँ तेरा सपना।
इन अपनो की भीड़ में कौंन है अपना, ऐ मौला मैं तो देखूँ तेरा सपना।
तू चाहे क्या मैं नहीं जानता, पर मेरी चाहत है तेरा हो जाना तुझमें खो जाना।
ये हाथ उठे किसी के आगे तेरे रहते, पलक झपकते तू इसे कुचल देना।
सजदा करूँ पल पल तेरा चाहे दुनिया, का हो कोई कोना, या फिर जीवन का रोना।
पर झुकूँ न किसी के आगे अगर गैरत को कोई ललकारे, क्योंकि तू ही तो है मेरा।
सितमगर सितम कितना भी ढाये किस्मत, पर जब भी तेरे पास जाऊँ तो हंसते हुये।
रोना हो तो बस तेरी रहमत को याद कर करके, किस्मत की मार पे थिरके दिल मेरा।
जाने की जब घड़ी आये तो धूम धूम के नाचूँ, मौला जो आया तेरा बूलावा।
मुझपे तू इतना रहम करना, वख्त के किसी भी दौर में दूर न हो पाऊँ तुझसे
जब तेरे वास्ते तड़पूँ तो मेरे ख्वाबों ख्यालों से निकलके पास आ जाना।
- डॉ.संतोष सिंह
Previous
मैं तो बना हूँ सिर्फ तेरे वास्ते, तेरे वास्ते, औ मौला तेरे वास्ते,
Next
मेरी तो आस बस तुझसे है, मेरी तो प्यास बस तुझसे है।
*
*